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NEET पेपर लीक विवाद: केंद्रीय मंत्री JP Nadda और Jitendra Singh ने Sonam Wangchuk से की मुलाकात, सरकार ने उठाया बड़ा कदम

NEET पेपर लीक विवाद: केंद्रीय मंत्री JP Nadda और Jitendra Singh ने Sonam Wangchuk से की मुलाकात, सरकार ने उठाया बड़ा कदम

दिल्ली के जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन का 32वां दिन पूरा हो गया है और अब केंद्र सरकार ने गतिरोध तोड़ने की दिशा में एक बड़ी पहल की है। केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और डॉ. जितेंद्र सिंह ने गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में सोनम वांगचुक से मुलाकात की — यह संकेत है कि सरकार इस मुद्दे को अब गंभीरता से ले रही है।

सोनम वांगचुक इस वक्त अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर हैं। उन्होंने NEET समेत कई प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक के मुद्दे पर यह आंदोलन शुरू किया था। दिल्ली हाई कोर्ट के आदेश के बाद मंगलवार को सफदरजंग अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद उन्हें इलाज के लिए मेदांता में भर्ती कराया गया।

सूत्रों के मुताबिक, मंगलवार रात करीब 45 मिनट तक चली इस बैठक में दोनों मंत्रियों ने वांगचुक की बात धैर्यपूर्वक सुनी। इसके बाद उन्हें उनकी पत्नी का बयान दिखाया गया और पूछा गया कि जब सरकार बातचीत के लिए तैयार है, तो फिर समस्या कहाँ है? वांगचुक ने जवाब दिया — “मुझे छात्रों के आंदोलन को भी देखना है।”

यह एक महत्वपूर्ण मोड़ है। वांगचुक का यह बयान दर्शाता है कि वे व्यक्तिगत समझौते से परे, एक व्यापक छात्र आंदोलन के प्रतिनिधि के रूप में खड़े हैं।

दूसरी तरफ, प्रदर्शन स्थल पर राजनीति भी पूरे उफान पर है। शिवसेना (UBT) के प्रमुख उद्धव ठाकरे देर रात जंतर-मंतर पहुंचे और सरकार पर सीधा हमला बोला — उनका आरोप था कि यह सरकार छात्रों का भला नहीं चाहती। समाजवादी पार्टी के अखिलेश यादव ने भी एलान किया कि जब तक छात्रों की मांगें नहीं मानी जातीं, प्रदर्शन जारी रहेगा।

सरकार का पक्ष साफ है — वह संसद में बहस के लिए तैयार है और दोषियों पर कार्रवाई हो रही है। लेकिन विपक्ष सड़क की राजनीति को प्राथमिकता दे रहा है। यह टकराव सिर्फ NEET का नहीं, बल्कि भारत की परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता का सवाल बन चुका है।

करोड़ों युवाओं का भविष्य दांव पर है। जो सिस्टम उनके सपनों का रास्ता तय करता है, उसमें सेंध लगना — यह सिर्फ एक घोटाला नहीं, बल्कि एक राष्ट्रीय विफलता है। सरकार और विपक्ष दोनों को राजनीति से ऊपर उठकर इस मुद्दे का ठोस समाधान निकालना होगा — वरना यह आग और भड़केगी।

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