आखिरी वक्त में रद्द हुआ जापानी PM का असम दौरा, अब दिल्ली में होगा Summit
जापान की प्रधानमंत्री सानाए ताकाइची का बहुप्रतीक्षित असम दौरा रद्द हो गया है। 1-3 जुलाई को गुवाहाटी में होने वाला India-Japan Annual Summit अब नई दिल्ली में आयोजित किया जाएगा। “Logistical issues” को इसकी वजह बताया गया है — लेकिन असल कहानी इससे कहीं ज़्यादा complex है।
क्यों रद्द हुआ गुवाहाटी दौरा?
सूत्रों के मुताबिक, जापान की संसद Diet का ongoing session ताकाइची के शेड्यूल पर भारी पड़ा। भारत आने और वापस जाने के बीच का वक्त इतना कम है कि दिल्ली से बाहर किसी और शहर का दौरा करना practically मुश्किल हो गया।
इसके अलावा, ताकाइची के साथ 50 से ज़्यादा जापानी कंपनियों और संगठनों के टॉप executives का एक high-powered delegation भी आ रहा है — जिसमें automobile giant Suzuki Motor के President तोशिहिरो सुज़ुकी भी शामिल हैं। इतने बड़े बिज़नेस डेलिगेशन को असम में host करना logistically एक बड़ी चुनौती थी।
असम सरकार को झटका, CM सरमा ने दी जानकारी
असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने सोमवार को State Cabinet की बैठक के बाद दौरा रद्द होने की पुष्टि की। उन्होंने साफ कहा कि राज्य सरकार को दौरा रद्द होने की कोई आधिकारिक वजह नहीं बताई गई।
यह असम के लिए एक बड़ा setback है। राज्य सरकार ने जापानी PM के स्वागत के लिए शहर की beautification शुरू कर दी थी। सरमा खुद Lokpriya Gopinath Bordoloi International Airport के नए terminal का निरीक्षण करने गए थे। उम्मीद थी कि यह Summit India की Act East Policy के तहत Northeast को global spotlight में लाएगा।
यह पहली बार नहीं — 2019 में भी टूटा था सपना
गुवाहाटी में India-Japan Summit का यह पहला cancellation नहीं है। दिसंबर 2019 में PM नरेंद्र मोदी और तत्कालीन जापानी PM शिंज़ो आबे का गुवाहाटी Summit Citizenship Amendment Bill के खिलाफ हुए व्यापक विरोध प्रदर्शनों के चलते रद्द करना पड़ा था।
India-Japan Relations: Strategic Partnership का नया दौर
ताकाइची का यह दौरा Asian geopolitics के एक नाज़ुक मोड़ पर हो रहा है। अक्टूबर 2025 में PM बनने के बाद से ताकाइची के नेतृत्व में Japan-China relations काफी खराब हुए हैं। वहीं, Quad — जिसमें US, Japan, India और Australia शामिल हैं — का आखिरी leaders-level summit सितंबर 2024 में हुआ था।
अगस्त 2025 में PM मोदी की जापान यात्रा के दौरान Japan ने 10 साल में India में 10 trillion Yen का private investment करने का वादा किया था। दोनों देशों ने defence relations के लिए एक नया framework और economic partnership का 10-year roadmap भी sign किया था।
दिल्ली Summit में क्या होगा Agenda?
नई दिल्ली में होने वाली बैठक में इन अहम मुद्दों पर चर्चा होने की उम्मीद है:
Northeast के लिए Japan का योगदान — एक बड़ी तस्वीर
Japan ने वर्षों में Overseas Development Assistance (ODA) के ज़रिए Northeast India को लगभग ₹22,000 करोड़ का loan दिया है — road connectivity जैसे बड़े infrastructure projects के लिए। असम में ₹3,800 करोड़ का health system strengthening project और गुवाहाटी के लिए water supply project भी Japan-backed हैं।
Japan, Act East Forum के ज़रिए Northeast India का एक key development partner बना हुआ है। Summit का venue भले ही बदल गया हो — लेकिन India-Japan की यह strategic दोस्ती और गहरी होती जा रही है।

