छोड़कर सामग्री पर जाएँ
Home » Blog » AI से डरने की ज़रूरत नहीं! Infosys के नंदन नीलेकणि बोले — “हमारी कंपनियां और मज़बूत होंगी”

AI से डरने की ज़रूरत नहीं! Infosys के नंदन नीलेकणि बोले — “हमारी कंपनियां और मज़बूत होंगी”

AI से डरने की ज़रूरत नहीं! Infosys के नंदन नीलेकणि बोले — "हमारी कंपनियां और मज़बूत होंगी"

Infosys चेयरमैन का बड़ा बयान: AI नहीं छीनेगा IT इंडस्ट्री का काम

Infosys के चेयरमैन नंदन नीलेकणि ने मंगलवार को साफ कर दिया कि Artificial Intelligence (AI) भारत की IT कंपनियों को replace नहीं करेगी — बल्कि जो कंपनियां इस technology को तेज़ी से अपनाएंगी, वो और ज़्यादा powerful बनेंगी। यह बयान ऐसे वक्त आया है जब पूरी दुनिया में यह debate छिड़ी हुई है कि AI से IT jobs और companies का क्या होगा।

AGM में दिया करारा जवाब

23 जून को Infosys की 45वीं Annual General Meeting (AGM) में नीलेकणि ने investors और analysts की उन चिंताओं को सीधे address किया, जो India के $300 billion से बड़े tech services sector के भविष्य को लेकर उठ रही थीं।

उन्होंने माना कि इंडस्ट्री के सामने एक बड़ा existential सवाल है — अगर coding largely automated हो गई, तो Infosys जैसी कंपनियां relevant रहेंगी या नहीं? लेकिन उनका जवाब था — बिल्कुल रहेंगी।

सिर्फ Code लिखना नहीं है Software Development

नीलेकणि ने समझाया कि enterprise software का काम सिर्फ code लिखने तक सीमित नहीं है। इसमें शामिल हैं:

उनका कहना था कि ये सारी layers AI से पूरी तरह replace नहीं हो सकतीं। यही वो जगह है जहाँ असली काम होता है।

“AI हमें Replace नहीं करेगा, Amplify करेगा”

Shareholders को संबोधित करते हुए नीलेकणि ने कहा — “Large enterprise clients में AI deployment का gap real है, और उस gap को भरना ही असली काम है। AI हम जैसी कंपनियों को replace नहीं करेगा। यह उन्हें amplify करेगा जो purpose के साथ आगे बढ़ेंगे और speed के साथ adapt करेंगे।”

उन्होंने यह भी कहा कि AI wave ने legacy system modernisation को एक नई urgency दे दी है। पुराने systems को replace करने की ज़रूरत अब पहले से कहीं ज़्यादा महसूस हो रही है।

अगला बड़ा Growth Phase कहाँ से आएगा?

नीलेकणि के मुताबिक, industry की अगली growth AI models और autonomous agents को mission-critical enterprise platforms में integrate करने से आएगी। इससे business operations ज़्यादा intelligent और efficient बनेंगे।

Infosys पहले से ही इस दिशा में काम कर रही है। कंपनी अपने top 200 clients में से 90% के साथ AI-related initiatives पर काम कर रही है — यह बताता है कि businesses कितनी तेज़ी से इस technology को adopt कर रहे हैं।

$300-$400 Billion का होगा AI-First Market

Infosys ने “AI-First Value” framework launch किया है। कंपनी का अनुमान है कि AI-first services का market 2030 तक $300 billion से $400 billion तक पहुँच सकता है।

नीलेकणि ने कहा — “GenAI launch होने के तीन साल बाद भी Infosys पहले से कहीं ज़्यादा relevant है और आने वाले दशक के लिए पूरी तरह तैयार है।”

Infosys के Numbers भी बोलते हैं

Infosys ने fiscal year 2026 में $20.2 billion का revenue report किया, जो constant-currency growth में 3.1% की बढ़त दर्शाता है। साथ ही कंपनी ने $3.7 billion का free cash flow generate किया।

यानी बात सिर्फ vision की नहीं है — numbers भी confirm कर रहे हैं कि India की IT industry न सिर्फ survive कर रही है, बल्कि thrive कर रही है। Jai Hind! 🇮🇳

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *